नई दिल्ली, 26 नवंबर 2025 (इंद्र यादव, ईशान टाइम्स ग्रुप): संविधान दिवस के पावन अवसर पर नई दिल्ली के कांस्टीट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में एक भव्य और गरिमामय समारोह आयोजित किया गया। इस अवसर पर देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस के.जी. बालकृष्णन ने चर्चित पुस्तक “तिरंगा” का विधिवत विमोचन किया।

कार्यक्रम में जगद्गुरु कृष्णानंद सरस्वती, भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री श्याम जाजू, तथा अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। मंच पर सभी प्रमुख अतिथियों ने मिलकर राष्ट्रीय ध्वज “तिरंगा” के प्रतीक चिह्न वाली पुस्तक का लोकार्पण किया।
पुस्तक “तिरंगा” राष्ट्रीय ध्वज के गौरव, उसके इतिहास और भारतीय संविधान में निहित मूल्यों को समर्पित है। विमोचन के बाद उपस्थित नागरिकों और बुद्धिजीवियों ने इसे राष्ट्रभक्ति और संवैधानिक चेतना को बढ़ाने वाली महत्वपूर्ण कृति बताया।
कार्यक्रम में कांस्टीट्यूशन क्लब के सदस्य, युवा वर्ग और सामाजिक कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल हुए। समारोह की थीम संविधान दिवस और “रत्न” थी, जिसने राष्ट्रीय एकता और संवैधानिक मूल्यों को एक बार फिर याद दिलाया।

पुस्तक के लेखक ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट श्री अनिल कुमार यादव ने अपने संबोधन में कहा,
“तिरंगा सिर्फ़ कपड़े का टुकड़ा नहीं है, बल्कि करोड़ों भारतीयों की आकांक्षाओं, संघर्ष और बलिदानों का प्रतीक है। इस पुस्तक के माध्यम से मेरी कोशिश है कि यह संदेश नई पीढ़ी तक पहुँच सके और उन्हें राष्ट्रभक्ति तथा संवैधानिक मूल्यों के प्रति जागरूक कर सके।”
समारोह का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ, और उपस्थित सभी ने राष्ट्रीय ध्वज और संविधान के प्रति सम्मान एवं गर्व प्रकट किया।